
उत्तराखंड समेत पूरे देश में रविवार को आयोजित होने वाले NEET (UG) री-एग्जाम को लेकर प्रशासन और पुलिस ने व्यापक तैयारियां पूरी कर ली हैं। प्रदेशभर में परीक्षा के लिए 10 जिलों में कुल 53 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं, जहां 21,000 से अधिक अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल होंगे।
परीक्षा को शांतिपूर्ण और निष्पक्ष तरीके से संपन्न कराने के लिए देहरादून जिला प्रशासन ने परीक्षा केंद्रों के 200 मीटर के दायरे में धारा-163 लागू कर दी है। इसके तहत लाउडस्पीकर, भीड़, जुलूस और नारेबाजी पर पूरी तरह प्रतिबंध रहेगा।
इसके अलावा हथियार, लाठी, डंडे, हॉकी स्टिक, तलवार और विस्फोटक सामग्री लेकर चलने पर भी रोक लगाई गई है। पांच या उससे अधिक लोगों के एकत्र होने, जुलूस निकालने और किसी भी प्रकार की सार्वजनिक सभा पर भी प्रतिबंध लागू रहेगा।
परीक्षा के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए पुलिस के साथ केंद्रीय अर्धसैनिक बल (CPMF) को भी तैनात किया जाएगा। हर परीक्षा केंद्र पर सब-इंस्पेक्टर स्तर के अधिकारी को प्रभारी बनाया गया है।
SP सिटी प्रमोद कुमार ने बताया कि पिछले कई दिनों से पुलिस टीम लगातार परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण कर रही है और सभी व्यवस्थाओं की बारीकी से जांच की जा रही है।
हरिद्वार जिले में NEET परीक्षा के लिए 12 केंद्र बनाए गए हैं, जिन्हें 5 जोन और 12 सेक्टर में विभाजित किया गया है। यहां एसपी क्राइम निशा यादव को नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है और पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती की गई है।
नैनीताल जिले में 11 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं, जहां 3,874 अभ्यर्थी परीक्षा देंगे। जिले को 2 जोन और 11 सेक्टर में बांटा गया है।
ऊधम सिंह नगर में 5 केंद्रों पर 2,528 परीक्षार्थी परीक्षा देंगे। पिथौरागढ़ में केंद्रीय विद्यालय और जवाहर नवोदय विद्यालय को परीक्षा केंद्र बनाया गया है, जबकि अल्मोड़ा में बिपिन त्रिपाठी कुमाऊं प्रौद्योगिकी संस्थान में परीक्षा आयोजित होगी।
सभी केंद्रों पर सीसीटीवी, जैमर, पेयजल, बिजली और शौचालय जैसी मूलभूत सुविधाओं की जांच पूरी कर ली गई है ताकि परीक्षा शांतिपूर्ण और व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराई जा सके।









